Close Menu
News MugNews Mug
  • Home
  • About Us
  • contact us
  • News
    • बड़ी खबर
    • देशी News
    • पड़ताल
      • क्राईम
    • खबर दस्त
  • Madhya Pradesh
    • Nagda
    • Ujjain
  • Uttar Pradesh
    • भैंरट
    • Bihar News
  • हिंदी लोक
    • धर्म
    • निबंध
  • आत्मनिर्भर भारत
    • देशी लोग
    • रोजगार
    • स्वदेशी
  • सेहत
Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest YouTube Telegram
Facebook Instagram Pinterest YouTube
News Mug
  • Home
  • About Us
  • contact us
  • News
    • बड़ी खबर
    • देशी News
    • पड़ताल
      • क्राईम
    • खबर दस्त
  • Madhya Pradesh
    • Nagda
    • Ujjain
  • Uttar Pradesh
    • भैंरट
    • Bihar News
  • हिंदी लोक
    • धर्म
    • निबंध
  • आत्मनिर्भर भारत
    • देशी लोग
    • रोजगार
    • स्वदेशी
  • सेहत
News MugNews Mug
Home - कथाएँ - सात द्वीप नौ खंड में, गुरु से बड़ा न कोय
कथाएँ Updated:17/02/20250 Views

सात द्वीप नौ खंड में, गुरु से बड़ा न कोय

Facebook Twitter Pinterest LinkedIn WhatsApp Telegram
सात-द्वीप-नौ-खंड-में-गुरु-स
सात-द्वीप-नौ-खंड-में-गुरु-स

हमारे भारतवर्ष में आषाढ़ पूर्णिमा को गुरु पूर्णिमा के रूप में मनाने की परम्परा सदियों से चली आ रही है। आज भी सभी मत, पंथ और संप्रदाय में गुरु पूर्णिमा को बड़े धूमधाम से श्रद्धापूर्वक मनाया जाता है। आषाढ़ पूर्णिमा को ही महाभारत के रचयिता कृष्ण द्वैपायन व्यास का जन्म हुआ था। उन्होंने ही वैदिक ऋचाओं को एकत्रित कर चार वेदों की रचना की। इस कारण उन्हें महर्षि वेद व्यास भी कहते हैं। उन्होंने ही महाभारत, 18 पुराणों व 18 उप पुराणों की रचना की थी जिनमें भागवत पुराण जैसा अतुलनीय ग्रंथ का भी समावेश है। वैदिक ज्ञान को धरातल में लानेवाले वेदव्यास को आदिगुरु की संज्ञा दी गई है और उन्हीं के सन्मान में व्यास पूर्णिमा को ‘गुरु पूर्णिमा’ के नाम से मनाया जाता है।

संत कबीर
संत कबीर

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की स्थापना के समय इसके संस्थापक आद्य सरसंघचालक डॉ. केशव बलिरामपंत हेडगेवार ने ज्ञान, त्याग व यज्ञ की संस्कृति की विजय पताका भगवे ध्वज को गुरु के रूप में प्रतिष्ठित किया। आज भी प्रतिदिन शाखा पूजनीय भगवा ध्वज (गुरु) की छत्रछाया में एकत्रित हो भारतमाता को परमवैभव पर ले जाने की साधना करोड़ों स्वयंसेवक विश्वभर में करते हैं। विवेकानन्द केन्द्र की स्थापना के समय इसके संस्थापक श्री एकनाथ रानडे ने ईश्वर के वाचक प्रणवमन्त्र ओंकार को गुरु के रूप में प्रतिष्ठित किया।

उल्लेखनीय है कि भारत के सभी सम्प्रदायों और पंथों में गुरु को सर्वोच्च स्थान प्राप्त है। प्रत्येक समाज में सबसे पहले गुरु की वंदना होती है। पुराणों ने गुरु को सर्वप्रथम पूजनीय बताया है। सदगुरु कबीर साहब ने तो यहां तक कह दिया कि

“सात द्वीप नौ खंड में, गुरु से बड़ा न कोय।

करता करे न कर सके, गुरु करे सो होय।।”

प्रत्येक मनुष्य के जीवन में गुरु की भूमिका सबसे अधिक होती है। शिष्य अपने गुरु के बताए पथ पर आगे बढ़ता है। शिष्य के जीवन में सदाचार, कौशल, ज्ञान और बुद्धिमत्ता का विकास गुरु की कृपा से ही संभव होता है। इसलिए शिष्य को गुरु का कृपापात्र होना जरुरी होता है। जिसमें पात्रता नहीं वह कदापि ज्ञान का अधिकारी नहीं हो सकता। संत कबीर ने शिष्य के पूर्ण समर्पण को प्राथमिकता देते हुए कहा है कि :-

“पहले दाता शिष्य भया, तन मन अरपे शीश।

दूसर दाता गुरु भया, जिन ज्ञान दिया बख्शीश।।”

एक तरफ जहां शिष्य के समर्पण को महत्वपूर्ण बताया गया है, वहीं हमारे शास्त्र में गुरु का अपमान करनेवालों को मूर्ख और पापी बताया गया है। गुरु की आज्ञा का उल्लंघन करनेवाले या अवहेलना करनेवालों के लिए दंड का भी विधान है। महर्षि वेदव्यास ने कहा है कि

‘शिष्यस्याशिष्यवृत्तेस्तु न क्षन्तव्यं बुभूषता।’

(महाभारत, आदिपर्व,79/9)

अर्थात जो शिष्य होकर भी शिष्योचित बर्ताव नहीं करता, अपना हित चाहनेवाले गुरु को उसकी धृष्टता क्षमा नहीं करनी चाहिए।

शिष्य के मन में अपने गुरु के प्रति कभी भी अविश्वास या संदेह नहीं होना चाहिए। गुरु की निंदा व गुरु का विरोध प्रत्यक्ष तो दूर मन में भी नहीं लाना चाहिए। संत कबीर ने कहा है कि ‘‘गुरु की निंदा सुने जो काना, ताको नाही मिले भगवाना।” उन्होंने कहा कि

“कबिरा ते नर अंध है, गुरु को समझे और।

हरि रूठे गुरु शरण हैं, गुरु रूठे नहीं ठौर।।”

संत कबीर के अनुसार कभी ईश्वर रूठ गए तो गुरु हमारी रक्षा करते हैं, पर यदि शिष्य अपने गुरु को ठेस पहुंचता है तो उसे भगवान भी क्षमा नहीं करते। इसलिए शिष्य को चाहिए कि उससे कभी कोई भूल न हो। यदि कभी गलती हो गई तो तुरंत ही उसे अपनी भूल सुधारकर गुरु के शरणागत हो जाना चाहिए, क्योंकि गुरु तो बड़े कृपालु होते हैं। उनके मन में अपने शिष्य के प्रति बेहद करुणा होती है।

संत कबीर
संत कबीर

हमारे समाज में गुरु किसे कहा जाए, इसकी अनेक अवधारणा है। हमारे देश में शिशु के जन्मदात्री माता, शिशु की सेवा करनेवाली दाई मां, नाम रखनेवाले पण्डित, शिक्षा देनेवाले शिक्षक, विवाह सम्पन्न करनेवाले पुरोहित, मंत्र देनेवाला धार्मिक व्यक्ति तथा अंतिम संस्कार करनेवाला सामाजिक व्यक्ति- ये सभी तो गुरु माने जाते हैं। इन सभी से श्रेष्ठ और महान् गुरु है जो जीव को भय-बन्धन से मुक्त कर दिव्य जीवन प्रदान करता है। इसी गुरु को सदगुरु की उपाधि मिलती है। सदगुरु के समान अधिकारी, मनुष्यों में तो कोई है ही नहीं, देव-वर्ग भी इस श्रेणी में नहीं आते। सदगुरु कबीर साहब ने गुरु को गोविन्द से भी अधिक महत्व दिया है। गुरु की महिमा का वर्णन करते हुए संत कबीर कहते हैं :-

“गुरु गोविन्द दोउ खडे, काके लागूं पाय।

बलिहारी गुरु आपने, जिन गोविन्द दियो लखाय।।”

सात समंद की मसि करौं, लेखनि सब बनराइ।

धरती सब कागद करौं, तऊ हरि गुण लिख्या न जाइ॥

सतगुरु की महिमा अनंत, अनंत किया उपकार।

लोचन अनंत उघाड़िया, अनंत दिखावनहार॥

यह तन विष की बेलरी, गुरु अमृत की खान।

सीस दिए जो गुर मिलै, तो भी सस्ता जान॥

गुरु कुम्हार शिष्य कुम्भ है, गढ़ी गढ़ी काढ़े खोट।

अंतर हाथ सहार दे, बाहर मारे चोट।।

हमारे देश में गुरु-शिष्य परम्परा के अनेक उदाहरण है, जिनमें महर्षि वशिष्ठ-श्रीराम, महर्षि संदीपनी-श्रीकृष्ण, सदगुरु कबीर-धनि धर्मदास, समर्थ रामदास-शिवाजी महाराज, श्रीरामकृष्ण परमहंस-स्वामी विवेकानन्द आदि का समावेश है। इसी प्रकार गुरु द्रोणाचार्य के प्रति एकलव्य की गुरुभक्ति को विशेष स्थान प्राप्त है। अतः गुरु के महत्त्व को समझते हुए हमें अपने जीवन को गुरुमय बनाना आवश्यक है। इसके लिए जरुरी है कि हम अच्छे गुरु की तलाश करें, क्योंकि आज गुरु बनने और शिष्य बनाने की होड़ सी मच गई है।

हर गांव-गली में भेषधारी अनेक बाबा, साधू अपने को गुरु बताकर श्रद्धालुओं को ठगते हैं। ऐसे में बड़ी सावधानीपूर्वक गुरु का शोध करना चाहिए। इस आधुनिकता की होड़ में गुरु के प्रति निष्ठा कम न हो पाए इसपर भी हमें ध्यान देना होगा। हमारे देश के सभी मत-सम्प्रदायों में बड़े-बड़े महापुरुष, गुरु और आचार्य हुए हैं। आइए, इस गुरु पूर्णिमा में हम अपने तथा उन सभी महापुरुषों को नमन कर अपने जीवन को सत्य-धर्म के पथ पर ले जाने का संकल्प करें।

इसे भी पढ़े : 

  1. श्याम बेनेगल का जीवन परिचय
  2. Vineeta Singh Biography in Hindi | विनीता सिंह का जीवन परिचय
  3. तुनिशा शर्मा का जीवन परिचय | Tunisha Sharma Biography in Hindi
  4. लाला लाजपत राय का जीवन परिचय | Lala Lajpat Rai Biography In Hindi
  5. खेमा बाबा का इतिहास और जीवन परिचय | Khema Baba History in Hindi
  6. अभिनेत्री सोनम बाजवा का जीवन परिचय | Sonam Bajwa Wiki in Hindi
  7. 400+आज का सुविचार हिंदी में (2023) | Aaj ka Suvichar in Hindi
  8. 100+ Short Stories in Hindi with Moral for Kids- कहानियों का संग्रह हिंदी में

NewsMug Logo
असली कहानियों का सबसे बड़ा मंच
Education • Desi News • Viral Stories
VISIT NOW 🚀
JOIN THE FAMILY
Stay updated with NewsMug
🌐
Main Portal
Visit Website
➔
💬
WhatsApp Group
Fastest Updates
➔
✈️
Telegram Channel
PDFs & Notes
➔
📰
Google News
Follow Us
➔
#गुरु_का_महत्व #गुरु_का_स्थान #गुरु_की_महिमा #गुरु_की_शिक्षा #गुरु_महिमा #गुरु_वंदना #गुरु_शिष्य_परंपरा #गुरु_श्लोक #धर्म_में_गुरु #प्रेरक_गुरु_कथाएँ #भारतीय_संस्कृति_में_गुरु #सात_द्वीप_नौ_खंड गुरु उपदेश गुरु का महत्व गुरु का स्थान गुरु की महिमा का वर्णन गुरु की शिक्षा गुरु महिमा गुरु वंदना गुरु शिष्य परंपरा गुरु श्लोक गुरु से बड़ा न कोय प्रेरक गुरु कथाएँ भारतीय धर्म में गुरु का महत्व भारतीय संस्कृति में गुरु सात द्वीप नौ खंड
Follow on Google News Follow on Flipboard
Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn WhatsApp Reddit Telegram
KAMLESH VERMA
  • Website
  • Facebook
  • X (Twitter)
  • Instagram
  • LinkedIn

दैनिक भास्कर और पत्रिका जैसे राष्ट्रीय अखबार में बतौर रिपोर्टर सात वर्ष का अनुभव रखने वाले कमलेश वर्मा बिहार से ताल्लुक रखते हैं. बातें करने और लिखने के शौक़ीन कमलेश ने विक्रम विश्वविद्यालय उज्जैन से अपना ग्रेजुएशन और दिल्ली विश्वविद्यालय से मास्टर्स किया है. कमलेश वर्तमान में साऊदी अरब से लौटे हैं। खाड़ी देश से संबंधित मदद के लिए इनसे संपर्क किया जा सकता हैं।

Related Posts

Ekadashi Vrat 2026
Hindi 5 Views

निर्जला एकादशी 2026: 1 दिन का व्रत = 24 एकादशी का फल | पूरी विधि और महत्व

Dasha Mata ki Kahani
Hindi 4 Views

 Dasha Mata ki Kahani 2026: राजा नल और रानी दमयंती की कथा और १०१+ पूजन नियम (Mega Guide)

Hartalika Teej 2026 Date
Hindi Updated:19/02/20263 Views

Hartalika Teej 2026 Date: हरतालिका तीज व्रत की तारीख, शुभ मुहूर्त और १०,०००+ शब्दों की सम्पूर्ण गाइड

Harchat 2026 Mein Kab Hai
धर्म Updated:19/02/20263 Views

Harchat 2026 Mein Kab Hai: हलषष्ठी व्रत की तारीख, मुहूर्त और १०१+ नियम (Mega Guide)

Aja Ekadashi 2026 Vrat Date
धार्मिक विषय Updated:19/02/20265 Views

 Aja Ekadashi 2026 Vrat Date: शुभ मुहूर्त, पारण समय और १०१+ पूजन विधियाँ (Mega Guide)

Aja Ekadashi Vrat Katha
Story Updated:19/02/20262 Views

Aja Ekadashi Vrat Katha: राजा हरिश्चंद्र की सत्यनिष्ठा और १०१+ व्रत के लाभ (Mega Guide 2026)

Comments are closed.

सपने में सांप देखना क्या संकेत देता है? जानें शुभ-अशुभ अर्थ और रहस्य

08/06/2026

राजस्थान का गौरव चिंकारा हिरण: जानिए इसके 15 सबसे रोचक तथ्य और अनोखी खूबियां

08/06/2026

शेरनी कैसे चलाती है पूरे झुंड का राज? जानिए 10 चौंकाने वाले तथ्य

08/06/2026

सपने में आम देखना क्या संकेत देता है? जानिए शुभ-अशुभ अर्थ

08/06/2026

सपने में मगरमच्छ देखना क्या संकेत देता है? जानिए पूरा अर्थ

08/06/2026

सपने में बकरी देखना क्या संकेत देता है? जानिए शुभ-अशुभ अर्थ

08/06/2026

पानी में मीन पियासी: कबीर के इस पद का गहरा अर्थ, दर्शन और जीवन की सीख

08/06/2026

सपने में मेंढक देखना क्या संकेत देता है? जानिए शुभ-अशुभ अर्थ और पूरा मतलब

08/06/2026

सपने में हलवा खाना क्या संकेत देता है? जानिए शुभ-अशुभ अर्थ और पूरा मतलब

07/06/2026

सपने में कुआँ देखना क्या संकेत देता है? जानिए शुभ-अशुभ अर्थ और पूरा मतलब

07/06/2026

सपने में आग लगते देखना क्या संकेत देता है? जानिए शुभ-अशुभ अर्थ और पूरा रहस्य

07/06/2026

सपने में बहुत सारी छिपकली देखना क्या संकेत देता है? जानें पूरा अर्थ

07/06/2026
Must Read
Hanta Virus कितना खतरनाक है यह जानलेवा वायरस

Hanta Virus: कितना खतरनाक है यह जानलेवा वायरस?

14/05/2026
दुनिया के 15 रहस्यमयी वैज्ञानिक प्रयोग

दुनिया के 15 रहस्यमयी वैज्ञानिक प्रयोग जिनका सच आज भी लोगों को डराता है

13/05/2026
सपने में हेलीकॉप्टर देखना

सपने में हेलीकॉप्टर देखना क्या संकेत देता है? जानें उड़ान, सफलता, सफर और दुर्घटना के 11 रहस्यमयी अर्थ

14/05/2026
India Post GDS 3rd Merit List 2026

India Post GDS 3rd Merit List 2026: (जारी हुई) ग्रामीण डाक सेवक तीसरी मेरिट लिस्ट, यहाँ से PDF डाउनलोड करें

14/05/2026
AI के ऐसे रहस्य जो आपका दिमाग हिला देंगे
9.0

AI के ऐसे रहस्य जो आपका दिमाग हिला देंगे

14/05/2026
Strait of Hormuz क्या है

Strait of Hormuz: क्यों यह छोटा रास्ता दुनिया की अर्थव्यवस्था तय करता है?

14/05/2026
El Niño क्या है

El Niño क्या है? जानें कारण, असर और भारत पर प्रभाव

14/05/2026
कुत्ते की आँख से दुनिया कैसी दिखाई देती होगी

कुत्ते की आँख से कैसा दिखता है? जानिए कुत्ते दुनिया को कैसे देखते हैं

14/05/2026
Facebook Pinterest Telegram YouTube WhatsApp
  • Home
  • About Us
  • contact us
  • Privacy Policy
  • Terms & Conditions
© 2026 NewsMug. Designed by NewsMug.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.